"बैगलेस डे में बच्चों का सड़क पर भ्रमण, जागरूकता या जोखिम, हादसा हुआ तो जिम्मेदार कौन!"
जशपुर / दुलदुला -- शासकीय प्राथमिक शाला ढोढ़ाडीह में शनिवार को बैगलेस डे के अवसर पर विद्यार्थियों को जागरूक करने के उद्देश्य से गांव का भ्रमण कराया गया।
इस दौरान बच्चों को स्वच्छता, पर्यावरण, सामाजिक जिम्मेदारी और जनजागरूकता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं।
हालांकि ग्रामीणों के मुताबिक इस बीच एक बड़ा सवाल है कि बच्चों को गांव की मुख्य सड़क पर यदि इस तरह भ्रमण के दौरान किसी प्रकार की कोई दुर्घटना हो जाती है, तो उसकी जिम्मेदारी किसकी होती ?
इस संबंध में जब विद्यालय के प्रधान पाठक पूरन साय से चर्चा की गई तो उन्होंने बताया कि बैगलेस डे के तहत बच्चों को जागरूक करने के उद्देश्य से गांव का भ्रमण कराया गया। जिस सड़क पर बच्चों को ले जाया गया वह ग्रामीण सड़क है, यहां भारी यातायात नहीं रहता और किसी बड़ी घटना की संभावना नहीं है।
प्रधानपाठक पूरन साय ने यह भी कहा कि बच्चों को शिक्षक के द्वारा नियंत्रण में रखकर उन्हें भ्रमण कराया जाता है और विद्यालय आने-जाने के लिए बच्चे प्रतिदिन इसी ग्रामीण सड़क का उपयोग करते हैं, इसलिए इसमें किसी प्रकार की कोई नुकसान वाली बात नहीं है।
फिलहाल यह मामला सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा का विषय बना हुआ है। शिक्षा के साथ-साथ बच्चों के सुरक्षा की भी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। ऐसे में आवश्यक सुरक्षा इंतजाम और पर्याप्त निगरानी सुनिश्चित करना भी उतना ही जरूरी माना जा रहा है।